रविवार, 17 अक्तूबर 2010

विजयादशमी की शुभकामनाएं... :-देव

मित्रों,
आप सभी को विजयादशमी की ढेरो शुभ-कामनाएं....



एक कविता प्रस्तुत कर रहा हूं..... लीजिए

क्रोध का रावण मरे .
अन्याय का रावण मरे.
सत्य की और धर्म की
चहुँ ओर पताका लहरे...


जय श्री राम.................... यू ट्यूब पर यह वीडियो मिला..... लीजिए..........




:-देव और मनीषा....

8 टिप्‍पणियां:

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक (उच्चारण) ने कहा…

विजयादशमी की शुभकामनाएँ!

सूर्यकान्त गुप्ता ने कहा…

विजया द्शमी की आपको भी ढेरों शुभकामनायें।

Udan Tashtari ने कहा…

विजय-दशमी पर्व की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं

सादर

समीर लाल

मनोज कुमार ने कहा…

बहुत अच्छी प्रस्तुति।
सर्वस्वरूपे सर्वेशे सर्वशक्तिसमन्विते।
भयेभ्यस्त्राहि नो देवि दुर्गे देवि नमोsस्तु ते॥
विजयादशमी के पावन अवसर पर आपको और आपके परिवार के सभी सदस्यों को हार्दिक शुभकामनाएं और बधाई!

काव्यशास्त्र

प्रवीण पाण्डेय ने कहा…

बहुत सुन्दर, आप दोनों को भी बधाई।

शिवम् मिश्रा ने कहा…

आपको और परिवार में सभी को दशहरे की बहुत बहुत हार्दिक बधाइयाँ और शुभकामनाएं !

Shekhar Suman ने कहा…

आपको विजयादशमी की ढेर सारी बधाइयाँ
इस बार मेरे नए ब्लॉग पर हैं सुनहरी यादें...
एक छोटा सा प्रयास है उम्मीद है आप जरूर बढ़ावा देंगे...
कृपया जरूर आएँ...

सुनहरी यादें ....

राम त्यागी ने कहा…

Happy Vijayadashami u too ....bhool gaye ya bahuriya ke saath kuch jyada hi busy ho ? talk to u soon ..may be on week end ..